CBSE Glitches: Minister Pradhan Takes Responsibility


नई दिल्ली27 मिनट पहले

  • कॉपी लिंक

नई दिल्ली में CBSE मुख्यालय शिक्षा मंत्री ने अधिकारियों के साथ बैठक की।

केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने अधिकारियों को निर्देश दिया है कि छात्रों की समस्याओं का समय पर, पारदर्शी और छात्र हित में समाधान किया जाए। सिस्टम के अंदर या बाहर किसी भी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी और ऐसे मामलों में सख्त कार्रवाई होगी।

इसके अलावा कांग्रेस नेता राहुल गांधी के CBSE और केंद्र सरकार पर उठाए सवालों पर प्रधान ने कहा- यह पहली बार था जब CBSE ने इतने बड़े स्तर पर यह सिस्टम लागू किया। माना कुछ गड़बड़ियां सामने आई हैं। मैं इसकी जिम्मेदारी लेता हूं। इन्हें ठीक किया जाएगा और समाधान निकाला जाएगा।

दरअसल, गुरुवार को प्रधान ने नई दिल्ली में CBSE मुख्यालय में हुई अधिकारियों के साथ हाई-लेवल मीटिंग की। शिक्षा मंत्रालय के मुताबिक, बैठक में स्कूल शिक्षा सचिव संजय कुमार, CBSE चेयरपर्सन राहुल सिंह, IIT मद्रास और IIT कानपुर के डायरेक्टर, शिक्षा मंत्रालय, केंद्रीय विद्यालय संगठन, सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों और CBSE के सीनियर अधिकारी शामिल हुए।

प्रधान के सभी अधिकारियों को निर्देश

  • CBSE पोर्टल की स्थिरता, सर्वर क्षमता और पेमेंट सिस्टम की तकनीकी समीक्षा की जाए।
  • CBSE की डिजिटल इवेल्यूशन और मॉनिटरिंग व्यवस्था मजबूत की जाए।
  • छात्रों की समस्याओं का समय पर और पारदर्शी तरीके से समाधान किया जाए।
  • परीक्षा और पोस्ट-रिजल्ट सर्विस को ज्यादा से ज्यादा स्टूडेंट फ्रेंडली बनाया जाए।
  • किसी भी तरह की लापरवाही या गड़बड़ी पर सख्त कार्रवाई की जाए।
  • एग्जाम से जुड़ी सर्विस ज्यादा आसान बनाएं।
See also  Assam TET 2024: Admit card date, time released | Jobs News

अधिकारी बोले- अबतक 11 लाख स्कैन आंसर सीट देखी गईं

बैठक में अधिकारियों ने बताया कि इस साल लगभग 18 लाख छात्रों ने Class 12 की परीक्षा दी। इसके तहत करीब 98 लाख उत्तर पुस्तिकाएं और लगभग 40 करोड़ स्कैन पेज प्रोसेस किए गए। अब तक करीब चार लाख छात्र पोर्टल के जरिए लगभग 11 लाख स्कैन की गई उत्तर पुस्तिकाएं देख चुके हैं।

शिक्षा मंत्री ने CBSE पोर्टल पर लॉगिन दिक्कतों, सर्वर पर ज्यादा लोड और पेमेंट से जुड़ी समस्याओं को लेकर IIT मद्रास के प्रोफेसरों और डिजिटल सिस्टम एक्सपर्ट्स की टेक्निकल टीम पोर्टल की स्थिरता, सर्वर क्षमता, लॉगिन मैनेजमेंट और पेमेंट गेटवे सिस्टम की समीक्षा की जिम्मेदारी दी है।

CBSE ने कहा- OSM प्रक्रिया सुरक्षित और मजबूत

बैठक में CBSE ने कहा कि ऑन स्क्रीन मार्किंग सिस्टम (OSM) डिजिटल इवेल्यूशन के लिए सेफ और मजबूत IT प्लेटफॉर्म पर आधारित है। इस सिस्टम का सिक्योरिटी ऑडिट कराया गया है और इसमें आंसर शीट की स्कैनिंग और प्रोसेसिंग के लिए कई लेयर की सेफ्टी और क्वालिटी चेक मौजूद हैं।

राहुल गांधी ने Coempt Edutech पर सवाल खड़े किए

27 मई को राहुल गांधी ने CBSE एग्जाम के डिजिटल इवेल्यूशन का कॉन्ट्रैक्ट Coempt Edutech के पास होने पर भी सवाल खड़े किए। उन्होंने आरोप लगाया है कि Coempt Edutech का पुराना नाम Globarena था और जिसका रिकॉर्ड विवादों से जुड़ा रहा है। इसलिए इस मामले की स्वतंत्र न्यायिक जांच कराई जाए। इसके लिए SIT गठन हो।

राहुल गांधी ने X पर पोस्ट में पूछा था कि Coempt को यह कॉन्ट्रैक्ट किसके आदेश पर दिया गया और क्या कंपनी का बैकग्राउंड चेक किया गया था। अगर बैकग्राउंड चेक हुआ और फिर भी कॉन्ट्रैक्ट दिया गया, या जांच ही नहीं हुई, दोनों ही हालत में सरकार जिम्मेदार है।

See also  Panjab University’s alumnus Pam Kaur is now HSBC’s first woman CFO, know her educational qualification | Jobs News

राहुल गांधी के COEMPT को लेकर 7 सवाल

राहुल के सवाल पर प्रधान का जवाब

राहुल के सवालों पर प्रधान ने जवाब दिया है। उन्होंने कहा कि यह पहली बार था जब CBSE ने इतने बड़े स्तर पर यह सिस्टम लागू किया। माना कुछ गड़बड़ियां सामने आई हैं। मैं इसकी जिम्मेदारी लेता हूं। इन्हें ठीक किया जाएगा और समाधान निकाला जाएगा।

प्रधान ने यह भी कहा है कि लगातार मिल रहीं चुनावी हार के कारण राहुल गांधी निराश हैं। इसलिए टेक्निकल प्रोग्रेस का विरोध करते रहे हैं। उन्होंने SIR का विरोध किया, EVM का विरोध किया और Digital India का भी विरोध किया। वह भारत की वैज्ञानिक प्रगति के साथ खड़े नजर नहीं आते।

शिक्षा मंत्री ने कहा है कि यह राजनीति करने का समय नहीं है। छात्रों पर मानसिक दबाव और नहीं बढ़ना चाहिए और सभी पक्षों से अपील की कि कोई भी बयान या व्यवहार छात्रों के तनाव को और न बढ़ाए।

प्रधान के जवाब पर राहुल का पलटवार

शिक्षा मंत्री के बयान पर राहुल गांधी ने कहा है मुझ पर हमला करने से शिक्षा मंत्री की जिम्मेदारी खत्म नहीं हो जाएगी। अगर प्रधानमंत्री वास्तव में छात्रों की चिंता करते, तो इतने छात्रों का भविष्य खतरे में डालने के लिए धर्मेंद्र प्रधान को पहले ही हटा दिया गया होता।

………………………

CBSE विवाद से जुड़ी ये खबर भी पढ़ें…

CBSE वेबसाइट पर कोई भी कर सकता है कॉपी चेक:19 साल के छात्र का दावा- मास्‍टर पासवर्ड कोई भी देख सकता है, पोर्टल पर सिक्‍योरिटी नहीं

19 साल के एक स्‍टूडेंट निसर्ग अधिकारी ने दावा किया है कि उसने CBSE की वेबसाइट आसानी से हैक कर ली। निसर्ग एक साइबर सिक्योरिटी रिसर्चर है। निसर्ग के ब्लॉग को आंत्रप्रेन्योर डीडी दास ने अपने ट्विटर अकाउंट पर पोस्ट किया है। पूरी खबर पढ़ें…

See also  मध्य प्रदेश में 10 हजार शिक्षकों की होगी भर्ती, कैबिनेट ने दी मंजूरी

खबरें और भी हैं…



Source link

Leave A Comment

All fields marked with an asterisk (*) are required